बीजेपी विधायक ने कहा ‘वन्दे मातरम गाना होगा’ बाद में वारिस पठान ने जो किया वो सबक बन गया है बीजेपी के लिए
वन्दे मातरम को लेकर एक बार फिर से मामला गरमा गया है. दरअसल बीजेपी और संघ के लोग जिस तरीके से वन्दे मातरम गाने को मुद्दा बनाते हैं और देश के मुस्लिमों के खिलग जहर उगलते हैं उसको देखते हुए अब एक बार फिर से मामला गर्म हो चुका है. दरअसल ओवैसी की पार्टी के एक विधायक को बीजेपी के एक विधायक और पूर्व मंत्री के बीच वन्दे मातरम को लेकर झड़प हो गयी और मामला इतना गरम हो गया कि ओवैसी के विधायक ने खुली चेतावनी देते हुए कह दिया कि मेरी जान चली जाएगी लेकिन मैं वन्दे मातरम नही गाऊंगा.
वैसे कायदे से देखा जाय तो वन्दे मातरम गाना ही होगा ये संविधान में कही नही लिखा है और अगर कोई कट्टर विचार रखने वाला संगठन इसे गाने के लिए मजबूर करता है तो ये गैर-क़ानूनी है. देश में मोदी सरकार है और ऐसे में कट्टर सोच रखने वालों की चांदी हो रखी है और इसलिए कभी गाय तो कभी वन्दे मातरम को लेकर बहस छिड़ी रहती है लेकिन विकास के नाम पर, रोजगार के नाम पर और महंगाई के नाम पर सारे चुप हो जाते हैं.
आपको बता दें कि अभी कुछ दिन पहले तमिनाडु की चेन्नई हाई कोर्ट ने वन्दे मातरम को अनिवार्य कर दिया था और उसके बाद 28 जुलाई को महाराष्ट्र विधानसभा में वन्दे मातरम को लेकर बीजेपी विधायक और एमआईएम विधायकों के बीच जमकर झड़प हुई. मामला यहाँ तक पहुँच गया कि बीजेपी विधायक एमआईएम विधायक पर जोर जबरदस्ती करने लगे कि वन्दे मातरम नही गाओगे ये कहाँ लिखा है, गाना ही होगा. जिसके जवाब में एमआईएम विधायकों ने कहा चाहे जान भी चली जाये लेकिन वन्दे मातरम नही गायेंगे
वहीं महराष्ट्र से सपा नेता ने भी इसका विरोध किया और कहा कि हम हिंदुस्तान जिंदाबाद और सारे जहाँ से अच्छा हिन्दोस्तां हमारा, हजार बार कहेंगे लेकिन वन्दे मातरम नही गायेंगे. आपको बता दें कि वन्दे मातरम को लेकर एक बार फिर चर्चा तेज हो गयी है और कट्टर विचारधारा वाले संगठनों ने इसे फिर से मुद्दा बनाने की सोची है और मोदी सरकार खामोश है.
