Header Ads

रोहिंगया मामले पर सऊदी ने तोडी़ चुप्पी- कहा, हम 70 सालों से उनके हक़ के लिये आवाज़ उठा रहें हैं






म्यांमार मामले पर पहली बार प्रतिक्रिया देते हुए आखिरकार अपनी चुप्पी तोड़ ही ली.,सऊदी अरब के तुर्की में एम्बेसडर वलीद अल खारिजी ने एक ब्यान दिया है उसमे उन्होंने कहा है कि रोहिंग्या मुस्लिमो के लिए सऊदी अरब पिछले सत्तर साल से मदद कर रहा है. सऊदी अरब की सफाई ऐसे समय में आई जब उस पर रोहिंग्या मुस्लिमो के मुद्दे पर खामोश होने का आरोप लग रहा है.

70 साल से उठा रहे हैं मामला…
वलीद ने दावा किया कि सत्तर साल पहले रोहिंग्या के मुद्दे को सऊदी अरब ने ही यूएन ह्यूमन राइट्स कौंसिल में उठाया था,1982 में म्यांमार के रोहिंग्या मुस्लिमो की नागरिकता समाप्त करने का भी सऊदी अरब ने निंदा की थी, म्यांमार के राखिने प्रान्त में मुस्लिमो के उत्पीडन की घटना हुयी तो सऊदी अरब ने पचास मिलियन डालर का अनुदान दिया.

सऊदी अरब देगा हर संभव मदद…वालिद ने आगे कहा कि सऊदी अरब इस मसले को यूएन सेक्रेटरी जनरल से संपर्क करके समस्या का हल निकालने पर जोर देगा.रोहिंग्या मुस्लिमो का नरसंहार अब आलमी मसला बन चूका है और म्यांमार की पूरी दुनिया आलोचना कर रही है सऊदी अरब अपने कोशिशो से इस मसले को हल करेगा और जो भी माली मदद की ज़रूरत पड़ेगी वो सऊदी अरब देने को तैयार है.




हमारा Facebook पेज Like करने के लिए यहाँ क्लिक करें
Powered by Blogger.