यूपी में बजरंग दल की गुंडागर्दी, सरेआम बुरी तरह पुलिस वाले को पीटा
पुलिस ने 3 आरोपियों को गिरफ्तार किया लेकिन दबाव की वजह से छोड़ना पड़ा दरअसल, अलीगढ़ के खैर कोतवाली में मिले मवेशियों के शव को बजरंग दल अपने हवाले करने की माँग कर रहे थे और जब पुलिस ने शव देने से इनकार किया तो कार्यकर्ता ने उनसे मारपीट शुरू कर दी।
दरअसल बुधवार सुबह करीब साढ़े दस बजे किसी ने पुलिस कंट्रोल रूम को सोफा नहर किनारे गोवंश के शव पड़े होने की सूचना दी इसके बाद पीआरवी के सिपाही वहां पहुंच गए शव को इकठ्ठा करके एक कट्टे में रखकर ले जाने लगे तभी बजरंग दल टप्पल के प्रखंड संयोजक पंकज पंडित, अभिषेक वर्मा, जितेंद्र उपाध्याय, नागेंद्र शर्मा, मंजीत चौधरी, सुदामा शर्मा, दिनेश आदि तमाम कार्यकर्ता भी मौके पर पहुंच गए वह सभी पुलिस वैन के आगे लेट गए और सिपाहियों से शवों लो छीन लिया।
तभी इंस्पेक्टर खैर दिनेश चंद्र दुबे मौके पर पहुंचे. मिले शवों को पोस्टमार्टम के लिए भेजने की बात कहने लगे, इसी दौरान बजरंग दल कार्यकर्ताओं ने इस बात का विरोध किया इसी बीच इंस्पेक्टर और कार्यकर्ताओं के भिड़त होने लगी धक्का मुक्की की वजह से इंस्पेक्टर को नीचे गिर गए इस पर इंस्पेक्टर ने सिपाहियों को आवाज़ लगाते हुए उनको किसी तरह छुड़ाया इस खींचतानी में उनकी यूनिफार्म के बटन तक टूट गए।
आपको बता दें कि, इस बवाल की खबर अधिकारियों तक पहुंची तो एसडीएम जोगिंदर सिंह, एसपी देहात डा.यशवीर सिंह, सीओ तेजवीर सिंह कई थानों की फोर्स लेकर पहुंच गए पुलिस ने शव के साथ ही बजरंग दल कार्यकर्ता पंकज पंडित, अभिषेक वर्मा तथा जितेंद्र उपाध्याय को गिरफ्तार कर के ले गई थी।
