तीन तलाक़ बिल के खिलाफ सरकार के विरोध में सड़कों पर उतरी लाखों महिलाएँ-मीडिया ने किया नज़र अंदाज़
महारैली में हजारों की संख्या में मुस्लिम महिलाओं ने बढ़-चढ़ कर हिस्सा लिया. महारैली सिमरी बख्तियारपुर स्थित स्टेट मैदान से अनुमंडल कार्यालय तक गयी. जहां मुस्लिम महिलाओं का एक प्रतिनिधि मंडल एसडीओ सुमन प्रसाद साह से मिल कर राष्ट्रपति के नाम मेमोरेंडम दिया.
इस मौके पर मुस्लिम महिलाओं ने कहा कि शौहर को जेल भेज कर सरकार किस तरह हमारी मदद करना चाहती है यह समझना मुश्किल है. सरकार इतनी फिक्रमंद है तो उसे मुसलमानों के लिए रोजगार, बेहतर तालीम के लिए प्रयास करना चाहिए.
मुस्लिम महिलाओं ने कहा कि सरकार ने तीन तलाक बिल लाकर मुस्लिम महिलाओं के साथ अत्याचार किया है. मुस्लिम महिलाएं शरीयत के कानून में किसी प्रकार का बदलाव करने का अधिकार सरकार को नहीं देंगी. उन्होंने ये भी कहा कि अगर सरकार तीन तलाक बिल को वापस नहीं लेती है, तो महिलाएं मर मिटने को भी तैयार है और विरोध में सुप्रीम कोर्ट तक पैदल मार्च कर अपनी बात रखेंगी.
लगभग 2 किलोमीटर यात्रा में शामिल महिलाओं ने पैदल मार्च कर भारत के तिरंगे झंडे को भी लहराया. इस दौरान तेज धूप एवं भीड़ के कारण कई महिलाएं बेहोश हो गयी. हालांकि साथी महिलाओं ने उन्हें पानी की छींटा देकर होश में लाई. लेकिन किसी ने हार नहीं मानी.
